UP Election 2022, प्रोफेसर इंदु चौधरी की सभाओं से जौनपुर सदर सलीम खान का चुनाव तेजी से पकड़ रहा जोर

Uttar PradeshElection 2022- उत्तर प्रदेश में हो रहे 2022 के विधानसभा चुनाव लगभग अब अंतिम चरण में पहुंच चुके हैं 7 चरणों में हो रहे चुनाव में अब तक पांच चरण के चुनाव के मतदान हो चुके हैं बाकी बचे दो चरणों में मतदान को लेकर सियासी दलों में गहमागहमी की स्थिति बनी हुई है एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर जोर-शोर से जारी है ऐसे में सभी दलों के प्रत्याशियों ने अपनी अपनी पार्टी के हर सीनियर लीडर को मैदान में उतार दिया है ताकि जनता को अपनी और आकर्षित कर सकें।

इसी क्रम में पूर्वांचल के मशहूर जिला जौनपुर में भी सियासी गर्मी चरम पर है जौनपुर की सदर सीट से वर्तमान में भाजपा के गिरीश यादव विधायक हैं और सरकार में मंत्री भी हैं उनके सामने समाजवादी पार्टी से मोहम्मद अरशद खान, बहुजन समाज पार्टी से सलीम खान और कांग्रेस पार्टी से नदीम जावेद मैदान में है चुनाव में अब लगभग 1 हफ्ते बाकी बचे हैं लेकिन अभी तक स्थित स्पष्ट होने का नाम नहीं ले रही है।

सलीम खान ने पिछले 1 हफ्ते से चुनाव प्रचार प्रसार काफी तेज कर दिया है इसी कड़ी में बीएचयू की प्रोफेसर इंदु चौधरी सलीम खान के चुनाव की कमान संभाल चुकी हैं और लोगों से बसपा की उपलब्धियां बता कर बसपा के लिए वोट की अपील कर रही है जिसका सकारात्मक असर भी लोगों पर दिखाई दे रहा है।

अभी हाल ही में सैकड़ों मुस्लिम महिलाओं ने सलीम खान के कार्यालय पर पहुंचकर उनसे मुलाकात की थी जो घर घर जाकर सलीम खान के लिए वोट मांग रही हैं दलित समाज का मशहूर चेहरा मानी जाने वाली डॉ इंदु चौधरी सलीम खान के समर्थन में जगह-जगह नुक्कड़ सभाएं कर रही हैं और बहुजन समाज पार्टी की उपलब्धियां बता कर लोगों से वोट की अपील कर रहे हैं लोगों में भी इसका असर दिखाई दे रहा है आपकी जानकारी के लिए बता दें कि जौनपुर सदर की लड़ाई अब सीधे-सीधे भारतीय जनता पार्टी के वर्तमान विधायक एवं मंत्री गिरीश यादव और बहुजन समाज पार्टी के सलीम खान के बीच दिखाई दे रही है जिसकी चर्चा भी लोग चक्की चौराहों पर करने लगे हैं.

सलीम खान के चुनाव पर बारीक नजर डाली जाए तो उनके प्रचार प्रसार के तरीके और मतदाताओं से मिलने जुलने का असर अब लोगों की जुबान पर चर्चा का विषय बन गया है कि भाजपा के गिरीश यादव को अगर कोई टक्कर दे सकता है तो वह बसपा के सलीम खान है अगर यह माहौल 7 तारीख को होने वाले मतदान तक बना रहा तो लड़ाई बेहद रोचक और नतीजे बहुत ही चौकाने वाले साबित हो सकते हैं।

By: Azwad Qasmi