Shahla Haider Death News: AMU Women’s College और Sheikh Abdullah Papa Mian के परिवार को याद किया गया

एएमयू ने पूर्व छात्रा शहला हैदर के निधन पर शोक व्यक्त किया, महिला शिक्षा में उनके परिवार के योगदान को किया याद

अलीगढ़, 14 अक्टूबरः अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय ने अपनी प्रतिष्ठित पूर्व छात्रा शहला हैदर के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उनका परिवार अलीगढ़ में महिला शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान के लिए जाना जाता है।

शहला हैदर प्रख्यात शिक्षाविद् और एएमयू के विमेंस कॉलेज की प्रथम प्राचार्या मुमताज जहां हैदर तथा प्रसिद्ध वैज्ञानिक प्रो. हैदर खान की पुत्री थीं। वह शेख अब्दुल्ला, जिन्हें प्यार से पापा मियां कहा जाता था, और वहीद जहां बेगम, जिन्हें आला बी के नाम से याद किया जाता है, की पौत्री थीं। इन दोनों ने अलीगढ़ में महिला शिक्षा की नींव रखने में अग्रणी भूमिका निभाई थी। वह प्रख्यात राजनयिक और विद्वान सलमान हैदर की बहन भी थीं।

शहला हैदर अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी की पूर्व छात्रा थीं। वह पत्रकारिता और सामाजिक सेवा से जुड़ी रही थीं। उनका परिवार अलीगढ़ में महिला शिक्षा के विकास में महत्वपूर्ण योगदान के लिए जाना जाता है। उनके निधन पर एएमयू ने शोक व्यक्त किया।

कुलपति प्रो. नइमा खातून ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा, “शहला हैदर का निधन उन सभी लोगों के लिए बड़ी क्षति है, जो अलीगढ़ की समृद्ध शैक्षिक और सामाजिक विरासत को महत्व देते हैं। महिला शिक्षा को आगे बढ़ाने के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाले अग्रणी परिवार से जुड़ी शाहला हैदर ने करुणा, सेवा और सामाजिक जिम्मेदारी के मूल्यों को आगे बढ़ाया। जरूरतमंदों के प्रति उनकी उदारता और विमेंस कॉलेज से उनका निरंतर जुड़ाव अलीगढ़ तथा उसके आदर्शों के प्रति उनके गहरे लगाव को दर्शाता है। उनकी स्मृतियां प्रेरणा का स्रोत बनी रहेंगी और महिला शिक्षा के क्षेत्र में उनके परिवार के योगदान को सदैव कृतज्ञता के साथ याद किया जाएगा।”

शहला हैदर पत्रकारिता से जुड़ी रही थीं और उन्होंने विज्ञापन एवं दृश्य प्रचार निदेशालय में निदेशक के रूप में भी सेवाएं दी थीं। पेशेवर जीवन के अलावा उन्होंने सामाजिक कार्यों और परोपकार के क्षेत्र में भी पहचान बनाई। वह जरूरतमंद परिवारों तथा विवाह के लिए आर्थिक सहायता की आवश्यकता वाली लड़कियों की मदद करती थीं। दूसरों की सहायता के लिए अपने संसाधनों का उपयोग करने की उनकी भावना की व्यापक सराहना की जाती थी।

उन्हें एएमयू के सामाजिक और सांस्कृतिक जीवन में गहरी रुचि थी। वह विमेंस कॉलेज के संस्थापक दिवस समारोहों में नियमित रूप से शामिल होती थीं। इससे विश्वविद्यालय और उसकी स्थापना के मूल उद्देश्यों के साथ उनका जुड़ाव बना रहा।

विश्वविद्यालय परिवार ने शोकसंतप्त परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए शहला हैदर के सेवाभाव, उदारता और अलीगढ़ की शैक्षिक विरासत से उनके गहरे जुड़ाव को श्रद्धापूर्वक याद किया।

FAQ

1. शहला हैदर कौन थीं?

शहला हैदर एएमयू की पूर्व छात्रा थीं। वह पत्रकारिता, सामाजिक सेवा और परोपकार से जुड़ी रही थीं।

2. शहला हैदर का एएमयू से क्या संबंध था?

वह एएमयू की पूर्व छात्रा थीं और विमेंस कॉलेज के कार्यक्रमों में नियमित रूप से शामिल होती थीं।

3. शहला हैदर का परिवार क्यों प्रसिद्ध है?

उनका परिवार अलीगढ़ में महिला शिक्षा को बढ़ावा देने में ऐतिहासिक योगदान के लिए जाना जाता है।

4. शहला हैदर ने किन क्षेत्रों में काम किया?

वह पत्रकारिता से जुड़ी थीं और विज्ञापन एवं दृश्य प्रचार निदेशालय में निदेशक के रूप में भी सेवाएं दे चुकी थीं। वह सामाजिक कार्यों और जरूरतमंदों की सहायता के लिए भी जानी जाती थीं।