वीमेन्स पॉलिटेक्निक में ओरियंटेशन कार्यक्रम का आयोजन

अलीगढ मुस्लिम विश्वविद्यालय के वीमेंस पॉलिटेक्निक में प्रवेशित छात्राओं के लिए 7 नवंबर से दो दिवसीय ओरिएंटेशन प्रोग्राम का आयोजन किया गया जिसमें शिक्षकों ने उन्हें पाठ्यक्रम और अन्य उपलब्ध सुविधाओं के बारे में अवगत कराया।

स्वागत भाषण में, डीन, इंजीनियरिंग एवं प्रौद्योगिकी संकाय के डीन, प्रोफेसर अल्तमश सिद्दीकी ने कहा कि ओरिएंटेशन कार्यक्रम का लक्ष्य छात्रों को पाठ्यक्रम कि जानकारी प्रदान करना और उन्हें अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन प्रस्तुत करने के लिए प्रोत्साहित करना है।

उन्होंने छात्रों से कहा कि एएमयू में नई यात्रा शुरू करने के साथ आप पाएंगे कि आपसी सौहार्द की भावना इस विश्वविद्यालय को खास बनाती है। आप यहां नए दोस्त बनाएंगे जो बहुत लंबे समय तक आपके जीवन का हिस्सा बने रहेंगे।

नए छात्रों को संबोधित करते हुए, जनसंचार विभाग के प्रोफेसर एम शाफ़े किदवई ने एएमयू संस्थापक सर सैयद अहमद खान के जीवन और कार्यों पर बात की।

उन्होंने कहा कि सर सैयद ने भारत के नव निर्माण के लिए अपना योगदान दिया और धर्म, नैतिकता, राजनीति, शिक्षा, देशभक्ति, राष्ट्रवाद, मानवाधिकार, पश्चिमी सभ्यता और आधुनिक विज्ञान पर उनके लेखन के व्यापक संग्रह में तर्कवाद की नई सीमाओं का पता लगता है। अपनी इंग्लैंड यात्रा के बाद, सर सैयद ने समाज में शिक्षित महिलाओं के महत्त्व को महसूस किया और भारत में लड़कों एवं लड़कियों के लिए आधुनिक और वैज्ञानिक शिक्षा की आवश्यकता पर ज़ोर दिया।

वीमेन्स पॉलिटेक्निक की प्राचार्या, डॉ सलमा शाहीन ने कहा कि अभिविन्यास कार्यक्रम छात्रों एवं छात्राओं को परिसर के वातावरण से परिचित कराते हैं। इस कार्यक्रम से उन्हें उनके पाठ्यक्रमों के बारे में अंदाज़ा होता है और इसके बारे में स्पष्ट दृष्टिकोण रखने में भी उन्हें मदद मिलती है।

डिप्टी प्रॉक्टर, प्रो सैयद अली नवाज जैदी और असिस्टेंट डीएसडब्ल्यू, डॉ मुजाहिद खान ने ‘छात्रों की आचार संहिता’ पर बात की।

प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट अधिकारी-जनरल, साद हमीद ने व्यक्तित्व विकास एवं संचार कौशल को बढ़ाने और विषय ज्ञान के साथ सकारात्मक दृष्टिकोण रखने की आवश्यकता पर बल दिया।

अमराह मरियम ने पाठ्यक्रम पर प्रस्तुति दी और मिस्बाह उर रहमान सिद्दीकी ने लागू शैक्षणिक अध्यादेशों पर चर्चा की।

कार्यक्रम का संचालन सैयदा शिरा मोइन ने किया, जबकि जूही फरीदी ने धन्यवाद ज्ञापित किया।